गोमार्डा अभ्यारण्य में सांभर शिकार मामले में चार आरोपी गिरफ्तार, ग्रामीणों ने किया वन विभाग के सुपुर्द

सारंगढ़-बिलाईगढ़। जिले के गोमार्डा अभ्यारण्य वन परिक्षेत्र में हुए सांभर शिकार मामले में वन विभाग को बड़ी सफलता मिली है। इस प्रकरण में चार ग्रामीणों ने सरेंडर कर दिया है। वन विभाग द्वारा चारों आरोपियों को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश करने की तैयारी की जा रही है। आरोपियों के खिलाफ वन्यजीव (संरक्षण) अधिनियम 1972 की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार गोमार्डा अभ्यारण्य वन परिक्षेत्र बरमकेला के झिलगिटार जंगल में कुछ दिन पहले एक सांभर के अवशेष मिलने से क्षेत्र में हड़कंप मच गया था। घटना की जानकारी मिलते ही वन विभाग की टीम सक्रिय हो गई और आरोपियों की तलाश शुरू कर दी गई। जांच के दौरान डॉग स्क्वाड की मदद से जंगल और आसपास के क्षेत्रों में सघन तलाशी अभियान चलाया गया।
तलाशी के दौरान डॉग स्क्वाड टीम गांव के एक संदिग्ध व्यक्ति निरंजन बरिहा पिता जलिंदर बरिहा के घर तक पहुंची। वहां उसके घर के सेप्टिक टैंक से सांभर के बाल और मांस बरामद किए गए, जिसके बाद से आरोपी फरार चल रहा था और वन विभाग लगातार उसकी तलाश कर रहा था।
शुक्रवार को गांव में एक बैठक आयोजित की गई, जिसमें ग्रामीणों ने सामूहिक रूप से इस मामले पर चर्चा की। ग्रामीणों ने कहा कि कुछ लोगों की इस हरकत से पूरे गांव की छवि खराब हो रही है। इसी के चलते ग्रामीणों ने सराहनीय पहल करते हुए इस मामले में शामिल चारों आरोपियों को वन विभाग के हवाले कर दिया।
वन विभाग द्वारा गिरफ्तार किए गए आरोपियों में निरंजन बरिहा पिता जलिंदर बरिहा, गंगाराम बरिहा पिता फागूलाल बरिहा, पंकज साहू पिता बाबूलाल साहू और शक्राजीत साहू पिता धनसाय साहू शामिल हैं। चारों आरोपी ग्राम झिलगिटार के निवासी बताए जा रहे हैं। वन विभाग मामले की आगे की जांच में जुटा हुआ है।



