
रायपुर/केंद्रीय वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण जी द्वारा संसद में प्रस्तुत केंद्रीय बजट 2026-27 देश को “विकसित भारत” के लक्ष्य की ओर तेजी से आगे बढ़ाने वाला दूरदर्शी बजट है। माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के सशक्त और दूरदर्शी नेतृत्व में तैयार यह बजट समावेशी विकास, आर्थिक मजबूती और सामाजिक संतुलन का सशक्त उदाहरण प्रस्तुत करता है।
प्रदेश कृषि व्यवसाय किसान मोर्चा के संयोजक कैलाश पंडा ने बजट पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि यह बजट किसान, गरीब, महिला, युवा, मध्यम वर्ग और उद्यमियों सहित समाज के प्रत्येक वर्ग की आकांक्षाओं को ध्यान में रखकर बनाया गया है। बजट में सुधारों को प्राथमिकता देते हुए सेमीकंडक्टर, इंफ्रास्ट्रक्चर और स्वास्थ्य जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों पर विशेष जोर दिया गया है। राज्यों को 1.4 लाख करोड़ रुपये का सहयोग, पूर्वोत्तर राज्यों के लिए 4000 ई-बसों की योजना तथा जिला अस्पतालों के उन्नयन जैसे प्रावधान जनकल्याण को नई दिशा देंगे।
उन्होंने कहा कि छोटे करदाताओं के लिए कर प्रक्रिया को सरल बनाना और नए इनकम टैक्स एक्ट को लागू करना कर प्रणाली को अधिक पारदर्शी और सहज बनाएगा। साथ ही, देश के हर जिले में गर्ल्स हॉस्टल बनाने और बजट में मेंटल हेल्थ पर विशेष ध्यान देने से सामाजिक सशक्तिकरण को बल मिलेगा।
कैलाश पण्डा ने कहा कि आत्मनिर्भर भारत की परिकल्पना को मजबूत करने वाला यह बजट नए अवसरों के सृजन के माध्यम से देश की अर्थव्यवस्था को नई ऊँचाइयों पर ले जाएगा। विश्वास, विकास और भविष्य की मजबूत नींव रखने वाला यह बजट हर भारतीय के उज्ज्वल कल का आधार बनेगा। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी एवं वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण जी का इस जनहितैषी बजट के लिए आभार व्यक्त किया।



