बीईओ कार्यालय के अधिकारी-कर्मचारियों की लापरवाही, स्कूल सफाई कर्मचारियों की नवाखाई फीकी

बरमकेला। बीईओ कार्यालय के अधिकारी एवं कर्मचारी की लापरवाही के कारण लगभग 350 स्कूल सफाई कर्मचारी की आर्थिक परेशानी ,विकासखंड बरमकेला अंतर्गत शासकीय विद्यालयों में वर्षों से अल्प मानदेय पर कार्यरत स्कूल सफाई कर्मचारियों के सामने एक बार फिर आर्थिक संकट की स्थिति उत्पन्न हो गई है। 15 सितंबर 2026 को नवाखाई का महत्वपूर्ण त्योहार होने के बावजूद मानदेय भुगतान समय पर नहीं होने के कारण बरमकेला विकासखंड के लगभग 350 स्कूल सफाई कर्मचारियों एवं उनके परिवारों की नवाखाई फीकी पड़ गई है।
वर्ष 2011 से स्कूल सफाई कर्मचारी विद्यालयों में साफ-सफाई, पेयजल व्यवस्था तथा विद्यालय परिसर से जुड़े विभिन्न आवश्यक कार्यों में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। इसके बावजूद इन कर्मचारियों को आज भी मात्र लगभग ₹3500 प्रतिमाह मानदेय प्राप्त होता है। इतनी कम राशि में कर्मचारी अपने परिवार का पालन-पोषण करने के साथ-साथ बच्चों की पढ़ाई, राशन, कपड़े, दवाइयां और अन्य आवश्यक घरेलू खर्चों को पूरा करने के लिए संघर्ष कर रहे हैं।
लेकिन नवाखाई जैसे महत्वपूर्ण पारंपरिक त्योहार बीईओ कार्यालय के अधिकारी से लेकर बाबु की लापरवाही के कारण मानदेय भुगतान नहीं होने से गरीब एवं निम्न आय वर्ग के कर्मचारियों के सामने गंभीर आर्थिक परेशानी खड़ी हो गई है।
क्या कहते हैं स्कूल सफाई कर्मचारी संघ के ब्लॉक अध्यक्ष ध्रुव यादव
10 सितंबर को ही संबंधित कार्यालय के अधिकारी एवं कर्मचारी को नवाखाई त्योहार की जानकारी देकर माह अगस्त 2026 का मानदेय भुगतान का निवेदन किया था कि आगामी 15 सितम्बर को नवाखाई का त्यौहार है,इसके बावजूद भुगतान नहीं होना कर्मचारियों के लिए निराशाजनक एवं आर्थिक परेशानी है ।
शासन प्रशासन से आग्रह है कि भविष्य में किसी भी त्योहार से पहले कर्मचारियों के मानदेय भुगतान होना सुनिश्चित की जाए।
कर्मचारियों की समस्याओं को लेकर संगठन लगातार अपनी आवाज उठाता रहेगा और शासन-प्रशासन से समय पर मानदेय, सम्मानजनक पारिश्रमिक तथा बेहतर भविष्य की मांग करता रहेगा।

